| Course Type | Course Code | No. Of Credits |
|---|---|---|
| Discipline Core | NSOL1MI204 | 4 |
Course Coordinator(s)
Does the course connect to, build on or overlap with any other courses offered in AUD? No
Specific requirements on the part of students who can be admitted to this course: None (Pre-requisites; prior knowledge level; any others – please specify)
No. of students to be admitted (with justification if lower than the usual cohort size is proposed): विश्वविद्यालय नियमानुसार
Course scheduling (semester; semester-long/half-semester course; workshop mode; seminar mode; any other – please specify): Semester long
How does the course link with the vision of AUD?
यह पाठ्यक्रम डॉ. बी.आर. अंबेडकर विश्वविद्यालय दिल्ली के विजन के अनुरूप अंतरानुशासनिक, समावेशी एवं आलोचनात्मक दृष्टि के विकास में सहायक होगा। ‘हिन्दी सिनेमा और फिल्म पत्रकारिता’ के अध्ययन के माध्यम से विद्यार्थी मीडिया, साहित्य और समाज के अंतर्संबंधों को समझते हुए समकालीन सांस्कृतिक विमर्शों का विश्लेषण कर सकेंगे। प्रस्तुत पाठ्यक्रम फिल्म पत्रकरिता की भूमिका, अभिव्यक्ति के विविध माध्यमों तथा मीडिया के बदलते स्वरूप के प्रति जागरूकता उत्पन्न करेगा | इसके साथ ही यह पाठ्यक्रम लेखन, समीक्षा एवं प्रस्तुति जैसे व्यावहारिक कौशलों को सुदृढ़ करते हुए विद्यार्थियों को उत्तरदायी, संवेदनशील एवं पेशेवर रूप से सक्षम नागरिक बनाने की दिशा में उन्मुख होगा।
How does the course link to the specific programme(s) in which it is offered?
यह पाठ्यक्रम संबंधित कार्यक्रम की संरचना एवं उद्देश्यों के साथ सार्थक रूप से संबद्ध है। हिन्दी सिनेमा और फिल्म पत्रकारिता के अध्ययन के माध्यम से यह विद्यार्थियों को सैद्धांतिक समझ के साथ-साथ व्यावहारिक पक्षों से भी परिचित कराएगा। यह कार्यक्रम भाषा-दक्षता, आलोचनात्मक दृष्टि तथा सांस्कृतिक बोध को सुदृढ़ करते हुए मीडिया, साहित्य और समाज के अंतर्संबंधों का विश्लेषण करने की क्षमता विकसित करेगा। साथ ही, लेखन, समीक्षा, संपादन एवं प्रस्तुति जैसे कौशलों के विकास के माध्यम से यह पाठ्यक्रम मीडिया एवं संचार के विविध क्षेत्रों में उपयोगी तथा रोजगारोन्मुख सिद्ध होगा
पाठ्यक्रम विवरण (Course Description)
यह पाठ्यक्रम हिन्दी सिनेमा और फिल्म पत्रकारिता के अंतर्संबंधों को समकालीन परिप्रेक्ष्य में समझने का अवसर प्रदान करता है। इसके अंतर्गत सिनेमा के स्वरूप, विकास तथा उसकी सामाजिक-सांस्कृतिक भूमिका के साथ-साथ फिल्म पत्रकारिता की प्रकृति, विशेषताएँ और उसके बदलते आयामों का अध्ययन किया जाएगा। पाठ्यक्रम में फिल्म समीक्षा, साक्षात्कार, रिपोर्टिंग, प्रचार-प्रसार, रेटिंग तथा डिजिटल और सोशल मीडिया के प्रभाव जैसे पक्षों का विश्लेषण शामिल है। इसके अतिरिक्त, यह पाठ्यक्रम विद्यार्थियों को साहित्य और सिनेमा के संबंध, फिल्म लेखन की प्रवृत्तियों तथा पत्रकारिता के नैतिक आयामों से भी परिचित कराता है । व्यावहारिक पक्ष के अंतर्गत विभिन्न फिल्मी एवं साहित्यिक पत्रिकाओं का अध्ययन, समीक्षा लेखन तथा फिल्म संबंधी सामग्री के विश्लेषण पर बल दिया जाएगा। इस प्रकार, यह पाठ्यक्रम विद्यार्थियों में विश्लेषणात्मक दृष्टि, भाषा-दक्षता और सृजनात्मक अभिव्यक्ति को विकसित करते हुए उन्हें मीडिया और संचार के क्षेत्र की समकालीन आवश्यकताओं से जोड़ेगा ।
पाठ्यक्रम उद्देश्य (Course Objectives)
- विद्यार्थियों को हिन्दी सिनेमा एवं फिल्म पत्रकारिता की मूल अवधारणाओं, स्वरूप और ऐतिहासिक यात्रा से परिचित कराना ।
- सिनेमा, साहित्य और समाज के पारस्परिक संबंधों का आलोचनात्मक अध्ययन कर उनकी समकालीन प्रासंगिकता को स्पष्ट करना।
- विद्यार्थियों को फिल्म पत्रकारिता के विविध रूपों—जैसे समीक्षा, साक्षात्कार, रिपोर्टिंग आदि की प्रकृति और कार्यप्रणाली से परिचित कराना।
- मीडिया के बदलते परिदृश्य, विशेषतः डिजिटल और सोशल मीडिया के प्रभावों का विश्लेषण करने की क्षमता विकसित करना।
- विद्यार्थियों में फिल्म लेखन, संपादन एवं प्रस्तुति से संबंधित व्यावहारिक कौशलों का विकास करना।
- विद्यार्थियों में, फिल्म तथा मीडिया सामग्री के अध्ययन के माध्यम से संवेदनशील, तर्कसंगत और सृजनात्मक दृष्टि का निर्माण करना।
Course Outcomes:
- CO1: विद्यार्थी हिन्दी सिनेमा एवं फिल्म पत्रकारिता की प्रमुख अवधारणाओं एवं विकास-क्रम को समझ सकेंगे।
- CO2: विद्यार्थी सिनेमा, साहित्य और समाज के अंतर्संबंधों का विश्लेषण कर सकेंगे।
- CO3: विद्यार्थी फिल्म पत्रकारिता के विविध रूपों—समीक्षा, साक्षात्कार, रिपोर्टिंग आदि का व्यावहारिक प्रयोग करने में सक्षम हो सकेंगे।
- CO4: विद्यार्थी मीडिया के बदलते परिदृश्य, विशेषतः डिजिटल माध्यमों के प्रभावों का मूल्यांकन कर सकेंगे।
- CO5: विद्यार्थी फिल्म एवं मीडिया सामग्री का आलोचनात्मक अध्ययन कर तर्कसंगत निष्कर्ष प्रस्तुत कर सकेंगे।
- CO6: विद्यार्थी फिल्म से संबंधित लेखन, संपादन एवं प्रस्तुति के माध्यम से सृजनात्मक कौशलों को विकसित कर सकेंगे।
Modules and Readings
मॉड्यूल – 1 फिल्म पत्रकारिता: अवधारणा, स्वरूप, महत्त्व और विशेषताएँ
यह मॉड्यूल फिल्म पत्रकारिता की संकल्पना, परिभाषा तथा उसके स्वरूप और प्रकृति की व्यवस्थित समझ विकसित करने पर केंद्रित है। इसके अंतर्गत फिल्म पत्रकारिता के प्रमुख आयामों और उसके कार्यक्षेत्र का विवेचन किया जाएगा, जिससे विद्यार्थी इसे पत्रकारिता की अन्य धाराओं से भिन्न रूप में समझ सकें। साथ ही, हिंदी साहित्य और फिल्म पत्रकारिता के अंतर्संबंध का अध्ययन करते हुए यह स्पष्ट किया जाएगा कि साहित्यिक दृष्टि किस प्रकार फिल्म लेखन और समीक्षा को प्रभावित करती है। इसके अतिरिक्त, फिल्म पत्रकारिता के सामाजिक एवं सांस्कृतिक महत्त्व का विश्लेषण करते हुए यह समझ विकसित की जाएगी कि यह क्षेत्र सिनेमा के प्रति जन-धारणा और व्यापक सांस्कृतिक विमर्श के निर्माण में किस प्रकार योगदान करता है।
निर्धारित विषय :
- फिल्म पत्रकारिता की अवधारणा और परिभाषा
- स्वरूप, प्रकृति और प्रमुख विशेषताएँ
- साहित्यिक पत्रिकाओं में सिनेमा की उपस्थिति
- फिल्म पत्रकारिता का सामाजिक और सांस्कृतिक महत्त्व
सहायक पाठ्य सामग्री एवं पुस्तकें :-
- सिनेमा और पत्रकारिता का साहित्य में योगदान – आलेख https://www.hindikunj.com/2020/05/cinema-patrakarita-sahitya.html
- सिनेमा और फिल्म पत्रकारिता – आलेख, भारती शांडिल्य, अपनी माटी
- https://www.apnimaati.com/2024/12/blog-post_805.html
- फिल्म पत्रकारिता : एक परिचय https://share.google/piY3t7fXwJyuBZ3yA
- हिन्दी सिनेमा का उत्तरदायित्व और पत्रकारिता की व्यापकता- आलेख, डॉ. रति सुल्गाव
- https://meerayan.com/wp-content/uploads/6-MRJ1624.pdf
- फिल्म पत्रकारिता को अधिक महत्त्व नहीं दिया जा रहा- आलेख, संपत लाल पुरोहित,
- https://lalkila.blogspot.com/2020/08/blog-post_20.html
- विनोद तिवारी, फिल्म पत्रकारिता, वाणी प्रकाशन, संस्करण -2014
मॉड्यूल 2 : फिल्म पत्रकारिता की विकास यात्रा : पाश्चात्य एवं भारतीय संदर्भ
यह मॉड्यूल फिल्म पत्रकारिता के विकास को भारतीय एवं पाश्चात्य संदर्भों में समझने पर केंद्रित है। इसके अंतर्गत पश्चिम में फिल्म पत्रकारिता के उद्भव और विकास की रूपरेखा का अध्ययन करते हुए भारत में इसकी परंपरा, विस्तार और विशिष्टताओं का विवेचन किया जाएगा। प्रस्तुत मॉड्यूल में यह भी स्पष्ट किया जाएगा कि सिनेमा के अध्ययन और मूल्यांकन में पत्रकारिता किस प्रकार सहायक होती है |
निर्धारित विषय:
- पश्चिम में फिल्म पत्रकारिता का उद्भव एवं विकास
- भारत में फिल्म पत्रकारिता की विकास यात्रा
- सिनेमा के अध्ययन और मूल्यांकन में पत्रकारिता की भूमिका
सहायक पाठ्य सामग्री एवं पुस्तकें :-
- मनमोहन चड्ढा, हिन्दी सिनेमा का इतिहास,, मध्यप्रदेश हिन्दी ग्रन्थ अकादमी, संस्करण- 2021.
- Current Scenario of Film Journalism – Article, Bichitrananda Panda, Narendra Tripath https://www.allresearchjournal.com/archives/2015/vol1issue9/PartK/1-9-114-313.pdf
- सिनेमा और फिल्म पत्रकारिता – आलेख, भारती शांडिल्य, अपनी माटी https://www.apnimaati.com/2024/12/blog-post_805.html
- समरेन्द्र कुमार, आरंभिक फिल्म पत्रकारिता और बाबूराव पटेल, आलेख, अपनी माटी https://www.apnimaati.com/2022/03/blog-post_18.html
- सिनेमा विशेषांक, अपनी माटी https://www.apnimaati.com/2024/12/58.html
माड्यूल 3: बदलता दौर और फिल्म पत्रकारिता के नए आयाम
यह मॉड्यूल समकालीन संदर्भ में फिल्म पत्रकारिता के स्वरूप में आए परिवर्तनों और उसके नए आयामों के अध्ययन पर केंद्रित है। इसके अंतर्गत फिल्म पत्रकारिता की बदलती परिभाषा का विश्लेषण करते हुए यह समझ विकसित की जाएगी कि तकनीकी विकास और मीडिया के विस्तार ने इसके कार्यक्षेत्र को किस प्रकार परिवर्तित किया है। साथ ही, फिल्म प्रमोशन, मार्केटिंग और मीडिया रणनीतियों की भूमिका का विवेचन किया जाएगा, जिनके माध्यम से सिनेमा की प्रस्तुति और पहुँच निर्धारित होती है।
मॉड्यूल में रेटिंग प्रणाली, रिव्यू संस्कृति और पेड मीडिया जैसे पक्षों का आलोचनात्मक परीक्षण भी किया जाएगा, जिससे विद्यार्थियों को मीडिया के बदलते स्वरूप और उसकी विश्वसनीयता के प्रश्नों को समझने में सहायता मिले। इसके अतिरिक्त, सोशल मीडिया, डिजिटल प्लेटफॉर्म और इन्फ्लुएंसर संस्कृति के प्रभाव का अध्ययन करते हुए यह स्पष्ट किया जाएगा कि समकालीन समय में फिल्म पत्रकारिता की प्रासंगिकता क्या है। क्या यह केवल फिल्मों के प्रचार-प्रसार तक सीमित होती जा रही है, या इसके अंतर्गत आलोचनात्मक विवेचन, सांस्कृतिक हस्तक्षेप और जन-रुचि के परिष्कार जैसी व्यापक जिम्मेदारियाँ भी निहित हैं।
निर्धारित विषय :
1. फिल्म पत्रकारिता का बदलता हुआ स्वरुप
- फिल्म प्रमोशन, मार्केटिंग और मीडिया रणनीतियाँ
- रेटिंग सिस्टम, रिव्यू और पेड मीडिया कल्चर
- सोशल मीडिया, डिजिटल प्लेटफॉर्म और इन्फ्लुएंसर कल्चर
2. सिनेमा, बाज़ार और मीडिया के अंतर्संबंध
सहायक पाठ्य सामग्री एवं पुस्तकें :-
- सिनेमा विशेषांक, अपनी माटी https://www.apnimaati.com/2024/12/58.html
- फिल्म पत्रकारिता: पैसा दो, प्रशंसा लो , आलेख https://tehelkahindi.com/barter-game-in-film-journalism/
- The travesty of film journalism, The Hindu, https://www.thehindu.com/opinion/op-ed/the-travesty-of-film-journalism/article32059112.ece
- The Impact of Social Media on Film Promotion, https://filmustage.com/blog/the-impact-of-social-media-on-film-promotion/
- Social Media and the changing face of Journalism. - https://www.google.com/search?q=हिंदी+फिल्म+पत्रकारिता
माड्यूल 4 : प्रमुख फ़िल्मी पत्रिकाओं एवं सिनेमा विशेषांको का अध्ययन एवं विश्लेषण
प्रस्तुत मॉड्यूल फिल्म पत्रकारिता के व्यावहारिक पक्ष के परिचय पर केंद्रित है। इसके अंतर्गत प्रमुख फिल्मी पत्रिकाओं के अध्ययन के माध्यम से फिल्म पत्रकारिता की शैली, विषय-वस्तु और प्रस्तुति का विश्लेषण किया जाएगा। साथ ही, साहित्यिक पत्रिकाओं में प्रकाशित सिनेमा
विशेषांक, फिल्म संबंधी लेखन आदि का परीक्षण करते हुए यह समझने का प्रयास किया जाएगा कि साहित्य और सिनेमा के बीच किस प्रकार संवाद स्थापित होता है। प्रस्तुत मॉड्यूल के अंतर्गत प्रोजेक्ट कार्य के रूप में विद्यार्थियों से किसी चयनित फिल्मी पत्रिका या सिनेमा विशेषांक का आलोचनात्मक मूल्यांकन अथवा प्रस्तुति तैयार कराई जाएगी, जिससे विद्यार्थियों में विश्लेषणात्मक दृष्टि और अभिव्यक्ति कौशल का विकास हो सके |
निर्धारित विषय :
1.फ़िल्मी पत्रिकाओं का अध्ययन – कोई दो
- सुषमा
- मायापुरी
- स्क्रीन
- फिल्मफेयर
2.साहित्यिक पत्रिकाओं के सिनेमा विशेषांक – कोई दो
- अपनी माटी – 2024 (सिनेमा विशेषांक)
- समसामयिक सृजन-2012 (सिनेमा विशेषांक)
- भाषा: जुलाई-अगस्त 2020 (भारतीय एवं विश्व सिनेमा विशेषांक)
- हंस: फ़रवरी 2013 (हिन्दी सिनेमा के सौ साल)
3.किसी एक फ़िल्मी पत्रिका या सिनेमा विशेषांक का आलोचनात्मक मूल्यांकन एवं प्रस्तुति
सहायक पाठ सामग्री एवं पुस्तकें :-
- हंस – https://manavsuneel.blogspot.com/2018/05/blog-post_24.html
- अपनी माटी - https://www.apnimaati.com/2024/12/58.html
- भाषा https://www.chdpublication.education.gov.in/ebook/pdf/Bhasha_July-August_2020.pdf
- समसामयिक सृजन, संपा- महेंद्र प्रजापति, सिनेमा विशेषांक, 2012
- प्रमुख फिल्म पत्रिकाएं – egyankosh, file:///C:/Users/ios/Downloads/Unit-9.pdf
- मायापुरी - https://www.readwhere.com/m/magazine/mayapuri-group/Mayapuri/2690/4144255
- फिल्मफेयर - https://www.filmfare.com/magazine
- स्क्रीन मैगजीन - https://www.screendaily.com/
Assessment (Including Skills to be tested as per NCrF):
- Response Essay/Assignment-1 (25 Marks)
- Midterm Exam/PPT/Assignment/Project-2 (25 Marks)
- End Term Exam (50 Marks)
डॉ. बी. आर. अम्बेडकर विश्वविद्यालय दिल्ली